स्पेशल ओलंपिक्स गोथिया ट्रॉफी-2026 में करेंगे भारत का प्रतिनिधित्व, कलेक्टर बोले- प्रतिभा किसी सीमा की मोहताज नहीं
रायपुर/धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले ने एक बार फिर देश का मान बढ़ाया है। समाज कल्याण विभाग द्वारा अनुदानित सार्थक स्कूल के विशेष छात्र सत्यांशु दीप का चयन स्पेशल ओलंपिक्स भारत की राष्ट्रीय फुटबॉल टीम में हुआ है। अब सत्यांशु 12 से 16 जुलाई 2026 तक स्वीडन में आयोजित होने वाली स्पेशल ओलंपिक्स गोथिया ट्रॉफी-2026 में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे।
यह उपलब्धि केवल सत्यांशु की व्यक्तिगत सफलता नहीं, बल्कि धमतरी और पूरे छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का विषय है। यह साबित करती है कि विशेष आवश्यकता वाले बच्चों को यदि सही प्रशिक्षण, अवसर और प्रोत्साहन मिले तो वे अंतरराष्ट्रीय मंच पर भी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा सकते हैं।
मेहनत, अनुशासन और जुनून ने दिलाई मंजिल
विद्यालय प्रबंधन के अनुसार, सत्यांशु ने लगातार अभ्यास, अनुशासन और खेल के प्रति समर्पण के बल पर यह मुकाम हासिल किया है। मैदान पर उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन ने राष्ट्रीय चयनकर्ताओं का ध्यान आकर्षित किया और उन्हें भारतीय टीम में स्थान मिला। उनकी सफलता अन्य विशेष बच्चों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बनेगी।
समावेशी शिक्षा का सशक्त उदाहरण
समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित विशेष विद्यालयों का उद्देश्य दिव्यांग बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, खेल, जीवन कौशल और व्यक्तित्व विकास के समान अवसर उपलब्ध कराना है। सत्यांशु का राष्ट्रीय टीम में चयन इन प्रयासों की सफलता का जीवंत प्रमाण माना जा रहा है।
कलेक्टर ने कहा—विश्व मंच पर चमकेगा धमतरी

धमतरी कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने सत्यांशु को बधाई देते हुए कहा कि यह उपलब्धि उनकी कड़ी मेहनत, लगन और खेल के प्रति समर्पण का परिणाम है। उन्होंने विश्वास जताया कि सत्यांशु स्वीडन में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर भारत, छत्तीसगढ़ और धमतरी का नाम विश्व स्तर पर गौरवान्वित करेंगे।
कलेक्टर ने कहा, “सत्यांशु की सफलता यह संदेश देती है कि प्रतिभा किसी सीमा की मोहताज नहीं होती। यह उपलब्धि समावेशी शिक्षा और दिव्यांगजनों के सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है।”
माता-पिता और गुरुओं की भूमिका भी रही अहम
समाज कल्याण विभाग, विद्यालय प्रबंधन, शिक्षकों और प्रशिक्षकों ने सत्यांशु के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उनके माता-पिता को भी इस सफलता का महत्वपूर्ण भागीदार बताया। उनका निरंतर सहयोग, विश्वास और प्रोत्साहन ही सत्यांशु को अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने की मजबूत नींव बना।
अब पूरे धमतरी और छत्तीसगढ़ की निगाहें स्वीडन में होने वाली इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता पर होंगी, जहां सत्यांशु दीप अपने खेल कौशल से भारत का गौरव बढ़ाने के लिए मैदान में उतरेंगे।







